इक दर्द की दास्तान अभी बाकी है ,
कुछ राज अभी दिल में छुपाना अभी बाकी है ।
वैसे हर रोज मिलती है वो सपनों में ,
पर उसका सामने आना अभी बाकी है ।
हर वक्त उसकी यादो को दिल में सजाना बाकी है ,
ज़िन्दगी में उसका आकर चले जाना अभी बाकी है ।
वो उसका शरमा कर चला जाना याद है मुझे ,
अभी उसका बिना कुछ कहे वापस जाना बाकी है ।
वैसे तो हर चीज ले गयी संग अपने पर,
मेरे हथेली पर उसके हाथो के निशाँ बाक़ी है ।

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